कोंडागांव। कोंडागांव जिले में शनिवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसे ने यात्रियों को दहला दिया। सवारी से भरी एक बस नेशनल हाईवे-30 पर अनियंत्रित होकर पलट गई, जिसमें चालक सहित कई लोग घायल हो गए। हादसा इतना गंभीर था कि एक यात्री का हाथ शरीर से अलग हो गया, जिससे घटना की भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
जानकारी के अनुसार, यह हादसा सुबह करीब 4 बजे सिटी कोतवाली कोण्डागांव क्षेत्र के घोड़ागांव चिलबहार नाला के पास हुआ। दुबे ट्रेवल्स की बस (क्रमांक सीजी 04 ईए 4882) रायपुर से जगदलपुर होते हुए जयपुर (ओडिशा) जा रही थी। इसी दौरान अचानक बस अनियंत्रित हो गई और सड़क किनारे पलट गई।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, हादसे की वजह बस के सामने अचानक किसी जानवर के आ जाने को माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि चालक ने वाहन को बचाने के लिए अचानक मोड़ने की कोशिश की, जिससे बस पर नियंत्रण खो गया। हालांकि चालक की हालत गंभीर होने के कारण इस कारण की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हो पाई है।
इस दुर्घटना में बस चालक रोशन साहू समेत तीन लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों में नवीन नामक यात्री का हाथ कटकर शरीर से अलग हो गया, जो इस हादसे का सबसे दर्दनाक पहलू है। बताया जा रहा है कि नवीन दिल्ली का निवासी है, हालांकि उसकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है। इसके अलावा अशद नामक यात्री भी गंभीर रूप से घायल हुआ है।
बस में सवार अन्य यात्रियों को हल्की चोटें आई हैं। हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई और स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने घायलों को बस से बाहर निकालने में मदद की और राहत कार्य में पुलिस का सहयोग किया।
पुलिस और स्थानीयों ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही सिटी कोतवाली कोण्डागांव पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और घायलों को जिला अस्पताल कोण्डागांव पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। हादसे के पीछे की वास्तविक वजह क्या थी, इसका पता लगाने के लिए सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है। बस की तकनीकी स्थिति, चालक की स्थिति और घटनास्थल के हालात की भी जांच की जा रही है।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। खासकर रात और तड़के के समय लंबी दूरी की बसों के संचालन के दौरान सावधानी बरतना बेहद जरूरी है। इस घटना ने न केवल यात्रियों को झकझोर दिया, बल्कि यह भी याद दिलाया कि सड़क पर एक छोटी सी चूक या अप्रत्याशित स्थिति कितनी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है।